जवान सौतेली माँ की खुदाई
शाम के ढलते सूरज की रोशनी कमरे की खिड़की से छनकर आ रही थी और पूरा कमरा एक सुनहरी आभा में नहाया हुआ था। समीर अपने बिस्तर पर लेटा हुआ था और उसका ध्यान बार-बार बगल वाले कमरे की तरफ जा रहा था जहाँ उसकी सौतेली माँ कविता तैयार हो रही थी। कविता अभी मात्र … Read more