साली संग रसीली चु@@ई

साली संग रसीली चु@@ई—> उस रात घर में एक अजीब सी खामोशी और गर्माहट घुली हुई थी। समीर सोफे पर बैठा टीवी देख रहा था, लेकिन उसका ध्यान बार-बार रसोई की तरफ जा रहा था जहाँ उसकी साली कविता खाना गर्म कर रही थी। समीर की पत्नी ऋतु पिछले चार दिनों से अपने मायके गई … Read more

गर्म बाग की चु@@ई

नमस्ते भाइयों और बहनों, आज की ये दास्तान उस दोपहर की है जब सूरज अपनी पूरी तपिश बिखेर रहा था और गाँव के पुराने बागों में सन्नाटा पसरा हुआ था। मैं अपने पुराने बाग की देखभाल कर रहा था, जहाँ सालों से मेरी मेहनत का पसीना मिट्टी में मिल रहा था। तभी वहाँ मेरी पुरानी … Read more

कविता मैम की चु@@ई

कविता मैम की चु@@ई—> शहर की उस शांत दोपहर में जब सूरज की किरणें खिड़की के पर्दों से छनकर कमरे के फर्श पर सुनहरी लकीरें बना रही थीं, रोहन अपनी पुरानी ट्यूशन टीचर कविता मैम के घर के बाहर खड़ा था। पाँच साल बीत चुके थे, लेकिन उस घर की खुशबू आज भी वही थी। … Read more

कविता माँ की चु@@ई

कविता माँ की चु@@ई—> शहर की उस शांत दोपहर में जब घर के बाकी लोग काम से बाहर थे, आर्यन अपनी सौतेली माँ कविता के साथ घर में अकेला था। कविता की उम्र छत्तीस साल थी, लेकिन उसका शरीर किसी कच्ची कली की तरह खिला हुआ था। उसकी गेंहुआ रंगत और रेशमी साड़ी के भीतर … Read more

रीता की कोच संग चु@@ई

रीता की कोच संग चु@@ई—> जिम की ठंडी हवा और चारों तरफ मशीनों की खनक के बीच रीता अपनी कसरत में मशगूल थी, लेकिन उसका ध्यान आज बार-बार भटक रहा था। रीता की उम्र लगभग बत्तीस साल थी और उसका शरीर एक सजी हुई मूरत की तरह था, जिसकी हर ढलान और उभार किसी को … Read more

रात के सफर की एक मदहोश चु@@ई का एहसास

रात के सफर की एक मदहोश चु@@ई का एहसास —> ट्रेन की उस कूपे में हवा जैसे ठहर गई थी। दिल्ली से मुंबई जाने वाली राजधानी एक्सप्रेस की गड़गड़ाहट के बीच मेरा दिल अपनी ही रफ्तार से धड़क रहा था। सामने वाली सीट पर बैठी उस अजनबी महिला की रेशमी साड़ी की सरसराहट मुझे बार-बार … Read more

पुरानी सहेली की चु@@ई

नीरज करीब पांच साल बाद अपनी कॉलेज की सबसे अच्छी दोस्त रिया से मिलने उसके नए फ्लैट पर पहुँचा था। रिया अब पहले से कहीं ज्यादा खूबसूरत और निखरी हुई लग रही थी, उसकी देह की बनावट अब एक परिपक्व महिला की तरह हो गई थी। उसने नीले रंग की एक बहुत ही पतली और … Read more

शालिनी मैम की चु@@ई

शालिनी मैम की चु@@ई—> शालिनी मैम की यादें मेरे जेहन में हमेशा एक मीठी टीस की तरह रहती थीं, लेकिन आज जब पाँच साल बाद मैं उनके घर के दरवाजे पर खड़ा था, तो मेरा दिल किसी नौसिखिए छात्र की तरह धड़क रहा था। शालिनी मैम मेरी कॉलेज की सबसे चहेती ट्यूशन टीचर थीं, जिनकी … Read more

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