दिल्ली की बस में मिली प्यासी भाभी

Teen Boy Aunty Sex Story मैं अजय हूँ, दिल्ली से। उम्र 18 साल। ये बात ठीक एक हफ्ते पहले की है। मैं सेक्स स्टोरीज़ पढ़कर घर जाने के लिए बस पकड़ने वाला था। बस को आने में अभी आधा घंटा था, दोपहर के साढ़े तीन बज रहे थे। स्टोरी पढ़ने की वजह से मैं पूरी तरह गरम हो चुका था, लंड … Read more

दोपहर की मदहोश तपन और चची की रेशमी खाई

दोपहर का वक्त था और सूरज अपनी पूरी तपिश बिखेर रहा था, लेकिन घर के भीतर सन्नाटा पसरा हुआ था। सुनीता चची, जो करीब अड़तीस साल की थीं, अपने कमरे में पंखे की धीमी हवा में लेटी हुई थीं। उनकी देह किसी ढली हुई मूरत जैसी थी, जिसमें भरे हुए तरबूज उनकी सूती साड़ी के … Read more

ट्यूशन वाली अनीता मैम की खुदाई

  ट्यूशन वाली अनीता मैम की खुदाईआयुष अपनी ट्यूशन टीचर अनीता मैम के घर के ड्राइंग रूम में बैठा था, जहाँ बाहर की चिलचिलाती धूप और कमरे के भीतर के ठंडे सन्नाटे के बीच एक अजीब सी बेचैनी तैर रही थी। अनीता मैम आज गहरे बैंगनी रंग की रेशमी साड़ी में किसी अप्सरा से कम … Read more

शबनम कामवाली को चो@@दा

शबनम नाम की वो औरत घर में काम करती थी पिछले आठ साल से। उम्र ४० के करीब, लेकिन शरीर अभी भी जवानी की तरह तगड़ा और आकर्षक – पतली कमर, भरे हुए स्तन, गोल गाँड, और वो गोरी चिकनी त्वचा जो पसीने से चमक उठती। बाल लंबे, काले, हमेशा जूड़े में बंधे, लेकिन जब … Read more

ससुराल में चु#@#ई

 रात के ग्यारह बज चुके थे। घर में सन्नाटा छाया हुआ था, सिर्फ दूर कहीं छत पर पंखे की हल्की-हल्की आवाज और कभी-कभी सड़क से गुजरती गाड़ी की दूर होती धुन सुनाई दे रही थी। देविका अपने कमरे में अकेली लेटी हुई थी, पति रवि ऑफिस के काम से दो दिन के लिए बाहर गए … Read more

लंड की प्यासी माँ मामा से चुदवाती

Maa Mama Sex Affair Porn मुझे याद है रात के कोई ग्यारह बज रहे थे। मुझे नींद नहीं आ रही थी, इसलिए कान में ईयरफोन लगाकर फिल्म देख रहा था। तभी कमरे में मेरे मामा आए, मेरी माँ के मौसेरा भाई, जो माँ से बड़े थे। उन्होंने मुझसे पूछा कि मैं अभी तक सोया नहीं … Read more

जंगल की वो रात

माया उस घने जंगल के किनारे बने छोटे से झोपड़े में अकेली थी। रात गहरी हो चुकी थी, और बाहर बारिश नहीं, बल्कि सिर्फ पत्तियों की सरसराहट और दूर कहीं उल्लू की आवाज थी। माया यहां इसलिए आई थी क्योंकि शहर की भीड़ से भागना चाहती थी। उसकी सफेद सूती ड्रेस हल्की सी गीली थी … Read more

खेत में मां की चु@@ई

गाँव की संकरी गलियों से गुजरते हुए, सरला अपने बेटे राहुल के साथ खेत की ओर बढ़ रही थी। सूरज की किरणें अभी-अभी उग रही थीं, और हवा में ताजगी भरी महक फैली हुई थी, जैसे कि प्रकृति खुद उनके इस रोजमर्रा के सफर को आशीर्वाद दे रही हो। सरला, एक पारंपरिक भारतीय महिला, अपनी … Read more

गरम ऑफिस की चु@@ई

गरम ऑफिस की चु@@ई —> शहर की चमचमाती रोशनी के बीच गगनचुम्बी इमारत की पंद्रहवीं मंजिल पर एक गहरा सन्नाटा पसरा हुआ था, जिसे केवल एयर कंडीशनर की हल्की गुनगुनाहट तोड़ रही थी। समीर अपनी मेज पर बैठा फाइलों के अंबार में खोया हुआ था, लेकिन उसकी एकाग्रता बार-बार भंग हो रही थी क्योंकि उसका … Read more

ऑफिस के सन्नाटे में पिघलती मर्यादा की रेशमी दीवारें

  ऑफिस के सन्नाटे में पिघलती मर्यादा की रेशमी दीवारें—> रात के ग्यारह बज चुके थे और मुंबई की गगनचुंबी इमारतों के बीच स्थित उस कॉर्पोरेट ऑफिस की चौदहवीं मंजिल पर सन्नाटा पसरा हुआ था। केबिन की कांच की खिड़कियों से बाहर शहर की लाइटें किसी टिमटिमाते जुगनू की तरह लग रही थीं, लेकिन केबिन … Read more

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