विधवा चाची के साथ रसीली चु@@ई का सुख

विधवा चाची के साथ रसीली चु@@ई का सुख —> आंगन में बैठी सुमित्रा चाची की उदासी उनकी आंखों में साफ दिख रही थी। दोपहर की तपती धूप उनके चेहरे पर खेल रही थी और उनके सादे सफेद लिबास के नीचे से उनके भारी तरबूज उभर कर सामने आ रहे थे। मैंने दूर से ही उन्हें … Read more

पुरानी क्रश के साथ अधूरी हसरतें और पहली चु@@ई का अहसास

पुरानी क्रश के साथ अधूरी हसरतें और पहली चु@@ई का अहसास —> सालों बाद प्रिया से मिलना किसी सुहाने सपने जैसा था। वह आज भी उतनी ही हसीन और दिलकश लग रही थी जितनी स्कूल के दिनों में हुआ करती थी। मेरे दिल की धड़कनें उसे देखते ही तेज हो गई थीं और मेरी आँखों … Read more

गरम खेत में रसीली चु@@ई की प्यास

दोपहर का समय था और सूरज अपनी पूरी तपिश बिखेर रहा था। गाँव के बाहरी इलाके में स्थित कमला का बड़ा सा खेत आज कुछ ज्यादा ही शांत था। कमला, जिसकी उम्र करीब 30 साल थी, अपने बदन की सुडौलता के लिए पूरे गाँव में मशहूर थी। उसके शरीर के अंग किसी **रसीले तरबूज** की … Read more

तन्हा रातों में भाभी की पहली चु@@ई

तन्हा रातों में भाभी की पहली चु@@ई —> दोपहर की वो सुस्त गर्मी और घर में पसरी वो अजीब सी खामोश बेचैनी मुझे अंदर तक झकझोर रही थी। मीरा भाभी अपनी पतली रेशमी साड़ी के पल्लू को सहेजते हुए रसोई में कुछ काम कर रही थीं, लेकिन उनकी आँखों में छिपी वो उदासी मुझसे कुछ … Read more

खेत की गहरी चु@@ई

गाँव की उस तपती दुपहरी में जब परिंदे भी अपने घोंसलों में दुबक जाते हैं, हमारे घर के पिछवाड़े वाले बगीचे में एक अलग ही हलचल मची थी। मेरी भाभी सुनीता, जिसका यौवन किसी उपजाऊ धरती की तरह लहलहा रहा था, पसीने से तर-बतर होकर अपने छोटे से बगीचे में काम कर रही थी। उनका … Read more

गर्म बाग की चु@@ई

नमस्ते भाइयों और बहनों, आज की ये दास्तान उस दोपहर की है जब सूरज अपनी पूरी तपिश बिखेर रहा था और गाँव के पुराने बागों में सन्नाटा पसरा हुआ था। मैं अपने पुराने बाग की देखभाल कर रहा था, जहाँ सालों से मेरी मेहनत का पसीना मिट्टी में मिल रहा था। तभी वहाँ मेरी पुरानी … Read more

पुरानी सहेली की चु@@ई

शहर की उस तपती गर्मी में जब रात के ग्यारह बज रहे थे, मैं अपनी पुरानी सहेली नेहा के साथ घर की छत पर बैठा था। वह कई सालों बाद हमारे शहर आई थी और उसकी खूबसूरती अब पहले से कहीं ज्यादा निखर चुकी थी। चाँदनी रात में उसका सांवला बदन और गहरी गर्दन वाला … Read more

जंगल के रिसॉर्ट में अधूरी खुदाई

मानसून की वो शाम कुछ अलग ही थी। शहर की भीड़भाड़ से दूर, घने जंगलों के बीच बने उस पुराने रिसॉर्ट में सन्नाटा पसरा हुआ था, जिसे सिर्फ बारिश की बूंदों की आवाज़ तोड़ रही थी। मेरा नाम समीर है, और मैं यहाँ अपने काम के सिलसिले में आया था, लेकिन किस्मत को कुछ और … Read more

भाभी के साथ शादी में रसीली चु@@ई का आनंद

भाभी के साथ शादी में रसीली चु@@ई का आनंद —> शादी का माहौल चारों तरफ खुशियों और ढोल-नगाड़ों से भरा हुआ था, लेकिन मेरी नजरें केवल सुनीता भाभी पर टिकी हुई थीं। उन्होंने गहरे लाल रंग की साड़ी पहनी थी, जिसमें उनके रसीले आम जैसे उभार साफ झलक रहे थे। मैं बस मौका ढूंढ रहा … Read more

गाँव की शादी में मस्त भाभी की रसीली चु@@ई

गाँव की चिलचिलाती गर्मी में बड़े भाई की शादी का माहौल था और पूरा घर रिश्तेदारों से भरा हुआ था। चारों तरफ शोर-शराबा था लेकिन मेरा ध्यान सिर्फ अपनी दूर की भाभी सीमा पर था, जो लाल रंग की साड़ी में किसी अप्सरा से कम नहीं लग रही थी। सीमा भाभी के उभरे हुए **रसीले … Read more

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